इस आर्टिकल में हम Direct vs Regular Mutual Fund in Hindi के बीच के सबसे बड़े अंतर को समझेंगे और जानेंगे कि कैसे एक छोटा सा फैसला आपके लाखों रुपये बचा सकता है।
लेकिन आखिरी स्टेप पर, जब आप निवेश करने जाते हैं, तो आपसे एक सवाल पूछा जाता है:
‘Direct Plan या Regular Plan?’
99% लोग इस छोटे से दिखने वाले सवाल के महत्व को नहीं समझते और बिना सोचे-समझे कोई भी ऑप्शन चुन लेते हैं।
यही उनकी सबसे बड़ी और सबसे महंगी गलती होती है। यह एक ऐसी गलती है जो उनसे चुपचाप, धीरे-धीरे, सालों तक लाखों रुपये छीन लेती है।
इस आर्टिकल में, हम इस एक छोटे से फैसले के पीछे छिपे लाखों के खेल को उजागर करेंगे और यह सुनिश्चित करेंगे कि आप यह गलती कभी न करें
Table of Contents
Regular Plan क्या है? (छिपी हुई लागत)
Regular Plan का मतलब है कि आप किसी एजेंट, ब्रोकर, बैंक या किसी डिस्ट्रीब्यूटर के माध्यम से म्यूच्यूअल फंड खरीद रहे हैं। आपकी मदद करने और सलाह देने के बदले में, यह एजेंट या बैंक आपके निवेश से हर साल एक छोटा सा कमीशन लेता है।
यह कमीशन (जिसे ‘Expense Ratio’ का हिस्सा माना जाता है) लगभग 1% से 1.5% तक हो सकता है।
यह सुनने में बहुत छोटा लगता है, लेकिन जैसा कि हम आगे देखेंगे, कंपाउंडिंग की वजह से यह छोटी सी रकम लंबी अवधि में एक बहुत बड़ी(Large) रकम बन जाती है।
Direct Plan क्या है? (आपका गुप्त हथियार)
Direct Plan का मतलब है कि आप सीधे म्यूच्यूअल फंड कंपनी (AMC) से निवेश कर रहे हैं, बिना किसी एजेंट या बिचौलिए के।
आप यह काम Groww, Zerodha Coin, Paytm Money जैसे ऐप्स के माध्यम से आसानी से कर सकते हैं।चूंकि बीच में कोई एजेंट नहीं होता, इसलिए कोई कमीशन नहीं देना पड़ता।
इससे आपका ‘Expense Ratio‘ कम हो जाता है और आपका रिटर्न सीधे-सीधे लगभग 1% से 1.5% तक बढ़ जाता है।
असली खेल: 1% कमीशन का गणित (The Eye-Opener)
शब्दों पर मत जाइए, चलिए असली गणित देखते हैं।
मान लीजिए, आप और आपके दोस्त, दोनों ने एक ही म्यूच्यूअल फंड में ₹5,000 प्रति माह की SIP शुरू की, 20 सालों के लिए।
हम मान लेते हैं कि फंड 12% का औसत वार्षिक रिटर्न देता है।
फर्क सिर्फ इतना है कि आपने Direct Plan चुना और आपके दोस्त ने Regular Plan।
| पैमाना (Parameter) | आपका दोस्त (Regular Plan) | आप (Direct Plan) |
| अनुमानित रिटर्न | 11% (1% कमीशन कट गया) | 12% |
| कुल निवेश | ₹12,00,000 | ₹12,00,000 |
| 20 साल बाद कुल मूल्य | ₹44.3 लाख | ₹50.0 लाख |
| कमीशन में गया पैसा | ₹5.7 लाख | ₹0 |
देखा आपने? सिर्फ 1% के छोटे से फर्क ने 20 साल में आपके दोस्त से लगभग ₹6 लाख छीन लिए! यह पैसा आपके दोस्त को नहीं, बल्कि उस एजेंट या बैंक को मिला जिसने उसे Regular Plan बेचा था।
Direct vs Regular Mutual Fund in Hindi: कैसे पहचानें?
यह पता करना बहुत आसान है। आप जिस भी ऐप या वेबसाइट पर अपना निवेश देखते हैं, वहां अपने म्यूच्यूअल फंड के पूरे नाम को देखें।
अगर आपके म्यूच्यूअल फंड के नाम में ‘Direct’ शब्द साफ़-साफ़ लिखा है, तो आप सही रास्ते पर हैं।
अगर ‘Direct’ शब्द कहीं नहीं लिखा है, तो यह 100% एक Regular प्लान है और आपको उसे बदलने के बारे में सोचना चाहिए।

(अगर आप यह जानना चाहते हैं कि SIP Plan में पेसे कम क्यों होते है, तो हमारा यह विस्तृत गाइड ज़रूर पढ़ें।)
निष्कर्ष (Conclusion)
संक्षेप में, Direct vs Regular Mutual Fund in Hindi की लड़ाई में, विजेता हमेशा और हमेशा Direct Plan ही होता है।
आज के डिजिटल युग में, जब (Groww जैसे ऐप्स) आपको सीधे निवेश करने की सुविधा देते हैं, तो किसी को भी कमीशन देने का कोई मतलब नहीं बनता।
हमेशा याद रखें, निवेश में बचाया गया हर एक पैसा, कमाया गया पैसा है।
आज ही अपने निवेश को जांचें और सुनिश्चित करें कि आप अपनी मेहनत की कमाई किसी और को कमीशन में तो नहीं दे रहे।